रविवार, 22 सितंबर 2013

आहार मनोविज्ञान

आहार  मनोविज्ञान
हम हमारे घर परिवार, समाज, मित्रों, बाजारों ,रेडियो, टीवी तथा पत्र पत्रिका के माध्यम से आहार क्या क्या खाना सीखते तथा साथ  ही साथ स्वंय प्रेरणा से आहार ग्रहण करने की आदत बनाते है, इस के अलावा हमारे पाच ज्ञानेन्द्रियो जो बड़ी संवेदनशील होती है, के वसीभूत होकर अचेतन अवस्था में होकर, जो शब्द को कान से, रस को जीभ से, रंग को आख से,